उन ध्वनियों को कहते हैं जो बिना किसी अन्य वर्णों की सहायता के उच्चारित किये जाते हैं। स्वतंत्र रूप से बोले जाने वाले वर्ण,स्वर कहलाते हैं। हिंदी में स्वर का उच्चारण बिना रुके लगातार होता है लेकिन व्यंजनों का उच्चारण लगातार नहीं होता है। 'क' वर्ण को लगातार बोलते रहने से अंत में 'अ' की ध्वनि सुनाई देती है। इस प्रकार से 'क' वर्ण, 'अ' वर्ण से मिलकर बना है। यहाँ 'अ' एक स्वर है और 'क' एक व्यंजन है। हिन्दी भाषा में मूल रूप से ग्यारह स्वर होते हैं। ग्यारह स्वर के वर्ण : अ,आ,इ,ई,उ,ऊ,ऋ,ए,ऐ,ओ,औ आदि। हिन्दी भाषा में ऋ को आधा स्वर(अर्धस्वर) माना जाता है,अतः इसे स्वर में शामिल किया गया है। A se anar A se anar a se aam hindi varnamala for kids learn hindi swar