वडा़पाव की खोज किसने की और कब हुई ? III वडा़पाव जिसकी शुरुआत आज से 56 साल पहले हुई थी और उसको बनाया था अशोक वैद्या (Ashok Vaidya) जी ने, दादर स्टेशन के सामने कीर्ति कॉलेज के पास दुकान खोली थी जो आज भी है, 1970 के दशक में जब कपड़ा मिल बंद होने शुरू हो रही थी और हड़ताल हो रही थी तब शिव सेना के संस्थापक श्री बालासाहेब ठाकरे जी ने जनता से अपील की कि वह सब अपना खुद का काम शुरू करें, उस समय पर लोगों ने वडापाव बनाना शुरू किया, जिसको लोगों ने बहुत पसंद किया, यहां तक कि अशोक वैद्या जी, ने वडा़पाव के साथ नारियल की, लहसुन की चटनी बनानी शुरू करी और आलू के चिप्स और पकोड़े भी बनाने शुरू किए, जो लोगों को बहुत पसंद आए I इससे पहले लोग दक्षिण भारत डिश उडुपी को बहुत पसंद करते थे लेकिन जब वड़ापाव लोगों ने खाना शुरू किया, तो वडा़ पाव सब का पसंदीदा स्नेक बन गया, लोग नाश्ते में नहीं यहां तक कि लंच और डिनर में भी बड़ा पाव खाने लगे और आज केवल महाराष्ट्र या मुंबई में नहीं पूरे भारत में वडा़पाव लोग खाते हैं और पसंद करते हैं II