ज्ञान की ज़रूरत थी जैसे, गौतमी के लिए
Act & Sing by: Shilpee Shakya,
Lyrics & Direction By: A.K.Maurya 'Shashank' , 9821641426
Recording Studio: Vyom Entertainment,
Video Edit By: Rahul Kate
Contribution: Ashish Kumar, Madhu
Lyrics
ज्ञान की ज़रूरत थी जैसे, गौतमी के लिए
बुद्ध की शरण चाहिए ज़िन्दगी के लिए
शांति की ज़रूरत है जैसे आदमी के लिए
बुद्ध की शरण चाहिए ज़िन्दगी के लिए
01
अब अष्ट मार्गों को हमें अपनाना है
धम्म की खुशबू से जग महकाना है
किसी की कभी आँख नम न हो
खुश रहें सभी कोई गम न हो
रहे समता की भावना
कभी ये खुशिया कम न हों
सुबह की ज़रूरत थी जैसे ताजगी के लिए
बुद्ध की शरण चाहिए ज़िन्दगी के लिए
ज्ञान की ज़रूरत है जैसे, गौतमी के लिए
बुद्ध की शरण चाहिए ज़िन्दगी के लिए
02
मिथ और भ्रम से अब हमें बचना होगा
सच्चा इतिहास हमें फिर रचना होगा
अंधकार में दीप तुम बनो
राह भी सदा सत्य की चुनो
कोरे सपनो की जगह ख्वाब विज्ञान के बुनो
सूर्य की ज़रूरत है जैसे रोशनी के लिए
बुद्ध की शरण चाहिए ज़िन्दगी के लिए
ज्ञान की ज़रूरत है जैसे, गौतमी के लिए
बुद्ध की शरण चाहिए ज़िन्दगी के लिए
गीत: शशांक