अब सरकार को खासकर वित्त मंत्रालय को माधबी बुच के मसले को लेकर बोलना चाहिए। जांच करनी चाहिए और जितने आरोप लगे हैं, उनसे जुड़े तथ्यों को सामने रखना चाहिए। कांग्रेस ने आज चौथी प्रेस कांफ्रेंस कर नए आरोप लगाए। आरोप यह है कि जिस कंपनी की जांच सेबी कर रही थी, उस कंपनी को माधबी बुच ने अपनी प्रोपर्टी किराए पर दी थी। दो करोड़ से अधिक का किराया लिया गया। ICICI सिक्योरिटिज़ की सीईओ थीं और सेबी ने ICICI बैंक और सिक्योरिटिज़ के बीच विलय को मंज़ूरी दी, इसके लिए नियमों को ताक पर रख दिया। काफी कुछ है इस वीडियो में देखिए।